BREAKING NEWS

अब मेडिकल रिपोर्ट पढ़कर आसान भाषा में समझाएगा

यूट्यूबर बहनों ने कैमरामैन से रचाई शादी, वजह सुनकर हर कोई हैरान

सभी पुलिसकर्मियों की छुट्टियां रद्द, प्रदर्शन के बीच बड़ा आदेश

3 महीने में फैसला, 10 साल की जेल और ₹10 करोड़ जुर्माने की तैयारी

मुंबई-गुजरात हाईवे पर 40 KM लंबा जाम, थम गई हजारों गाड़ियों की रफ्तार

ट्रम्प बोले- हमला करने को तैयार; ईरान ने दी गंभीर चेतावनी

सरकार के लिखित आश्वासन के बाद खत्म हुआ आंदोलन

CJP का ऐलान; सरकार से आज होगी अहम बातचीत

उमरगाम में रिकॉर्ड 36 इंच बारिश, सूरत के निचले इलाकों बाढ़ जैसा नजारा

सूरत के जंगलों में 50 चित्तल छोड़े गए, तेंदुओं को जंगल में ही मिलेगा शिकार

सूरत पुलिस ने फर्जी APK गैंग के मास्टरमाइंड को किया गिरफ्तार

अनंतनाग में आतंकी हमला, ड्यूटी पर तैनात हेड कांस्टेबल आशिक हुसैन कुरैशी शहीद

अमेरिका में जेनेरिक दवाओं पर बड़ा टैरिफ प्लान,200% तक शुल्क लगाने की तैयारी

विधानसभा में हंगामे के बीच विधेयक मंजूर, सीएम मोहन यादव बोले- 'एक राज्य, एक कानून'

बोले- छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ नहीं होने देंगे,पेपर लीक पर सख्त कार्रवाई का भरोसा

अब तक 9 शव बरामद, निर्माणाधीन सुरंग में फंसे मजदूरों को निकालने के लिए रेस्क्यू जारी

भारत-अमेरिका ट्रेड डील के विरोध में किसानों का कूच, शंभू बॉर्डर पर कड़ी सुरक्षा

से मिले CJP नेता, सौरभ दास बोले- 'मंत्री ने हमारी मांगों पर बातचीत का भरोसा दिया'

'जहां तर्क और तथ्य हों, वहां शोर-शराबे की जरूरत नहीं',संसद में सार्थक चर्चा की अपील

संसद मार्च से पहले हाई अलर्ट; CJP को अनुमति नहीं,संसद मार्च से पहले जंतर-मंतर पर हजारों प्रदर्शनकारी जुटे

BREAKING NEWS

अब मेडिकल रिपोर्ट पढ़कर आसान भाषा में समझाएगा

यूट्यूबर बहनों ने कैमरामैन से रचाई शादी, वजह सुनकर हर कोई हैरान

सभी पुलिसकर्मियों की छुट्टियां रद्द, प्रदर्शन के बीच बड़ा आदेश

3 महीने में फैसला, 10 साल की जेल और ₹10 करोड़ जुर्माने की तैयारी

मुंबई-गुजरात हाईवे पर 40 KM लंबा जाम, थम गई हजारों गाड़ियों की रफ्तार

ट्रम्प बोले- हमला करने को तैयार; ईरान ने दी गंभीर चेतावनी

सरकार के लिखित आश्वासन के बाद खत्म हुआ आंदोलन

CJP का ऐलान; सरकार से आज होगी अहम बातचीत

उमरगाम में रिकॉर्ड 36 इंच बारिश, सूरत के निचले इलाकों बाढ़ जैसा नजारा

सूरत के जंगलों में 50 चित्तल छोड़े गए, तेंदुओं को जंगल में ही मिलेगा शिकार

सूरत पुलिस ने फर्जी APK गैंग के मास्टरमाइंड को किया गिरफ्तार

अनंतनाग में आतंकी हमला, ड्यूटी पर तैनात हेड कांस्टेबल आशिक हुसैन कुरैशी शहीद

अमेरिका में जेनेरिक दवाओं पर बड़ा टैरिफ प्लान,200% तक शुल्क लगाने की तैयारी

विधानसभा में हंगामे के बीच विधेयक मंजूर, सीएम मोहन यादव बोले- 'एक राज्य, एक कानून'

बोले- छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ नहीं होने देंगे,पेपर लीक पर सख्त कार्रवाई का भरोसा

अब तक 9 शव बरामद, निर्माणाधीन सुरंग में फंसे मजदूरों को निकालने के लिए रेस्क्यू जारी

भारत-अमेरिका ट्रेड डील के विरोध में किसानों का कूच, शंभू बॉर्डर पर कड़ी सुरक्षा

से मिले CJP नेता, सौरभ दास बोले- 'मंत्री ने हमारी मांगों पर बातचीत का भरोसा दिया'

'जहां तर्क और तथ्य हों, वहां शोर-शराबे की जरूरत नहीं',संसद में सार्थक चर्चा की अपील

संसद मार्च से पहले हाई अलर्ट; CJP को अनुमति नहीं,संसद मार्च से पहले जंतर-मंतर पर हजारों प्रदर्शनकारी जुटे

होम / राष्ट्रीय / NEET UG 2026 में लड़कियों का दबदबा : मेडिकल एंट्रेंस में बेटियों ने बनाई टॉप रैंक पर मजबूत पकड़ रचा इतिहास
NEET UG 2026 में लड़कियों का दबदबा : मेडिकल एंट्रेंस में बेटियों ने बनाई टॉप रैंक पर मजबूत पकड़ रचा इतिहास
पिछले कई सालों में तेजी से बढ़ी महिला उम्मीदवारों की संख्या, मेडिकल करियर में दिख रहा बड़ा बदलाव

NEET UG 2026 के आंकड़े बताते हैं कि मेडिकल प्रवेश परीक्षा में लड़कियां अब लड़कों से आगे निकल चुकी हैं। जानिए क्यों बढ़ रही है बेटियों की रुचि और क्या हैं इसके पीछे के कारण।

NEET UG 2026 में लड़कियों का दबदबा : मेडिकल एंट्रेंस में बेटियों ने बनाई टॉप रैंक पर मजबूत पकड़ रचा इतिहास

Updated at : 02 Jul 2026, 05:30 pm (IST)

Source : Rashtriya Samachar

मेडिकल फील्ड में नया ट्रेंड

भारत में मेडिकल शिक्षा को लेकर एक बड़ा बदलाव साफ दिखाई दे रहा है। NEET UG 2026 के आंकड़ों के अनुसार, अब इस परीक्षा में शामिल होने वाली लड़कियों की संख्या लड़कों से अधिक हो चुकी है।यह बदलाव सिर्फ आंकड़ों तक सीमित नहीं है, बल्कि यह समाज में बदलती सोच और शिक्षा के प्रति बढ़ती जागरूकता को भी दर्शाता है।

महिला उम्मीदवारों की संख्या में लगातार वृद्धि

पिछले कुछ वर्षों में देखा गया है कि मेडिकल एंट्रेंस परीक्षा में लड़कियों की भागीदारी तेजी से बढ़ी है।जहां पहले यह संख्या सीमित थी, वहीं अब हर साल अधिक लड़कियां डॉक्टर बनने का सपना लेकर इस परीक्षा में शामिल हो रही हैं। यह संकेत देता है कि मेडिकल क्षेत्र अब महिलाओं के लिए एक प्रमुख करियर विकल्प बन चुका है।

 लड़कों से आगे निकलीं बेटियां

हाल के आंकड़ों के अनुसार, कुल आवेदकों में महिलाओं की हिस्सेदारी पुरुषों से अधिक हो गई है। यह अंतर धीरे-धीरे बढ़ा है और अब यह साफ दिखता है कि मेडिकल क्षेत्र में बेटियां मजबूती से अपनी जगह बना रही हैं।

अवसर सभी के लिए समान

मेडिकल कॉलेजों में प्रवेश के लिए कोई जेंडर आधारित भेदभाव नहीं होता। लड़के और लड़कियां दोनों समान शर्तों पर प्रतियोगिता में हिस्सा लेते हैं।देश में मेडिकल कॉलेजों और सीटों की संख्या भी लगातार बढ़ रही है, जिससे अधिक छात्रों को अवसर मिल रहे हैं।

 क्यों बढ़ रहा है मेडिकल फील्ड में लड़कियों का रुझान?

इस बदलाव के पीछे कई महत्वपूर्ण कारण हैं परिवार और समाज का बढ़ता समर्थन ।शिक्षा के बेहतर संसाधन करियर के रूप में मेडिकल क्षेत्र की स्थिरता  और सेवा और सम्मान से जुड़ा पेशा  इन सभी कारणों ने मिलकर लड़कियों को इस क्षेत्र की ओर आकर्षित किया है।

बदलती सोच और समाज पर असर

आज की लड़कियां केवल पढ़ाई तक सीमित नहीं हैं, बल्कि वे हर क्षेत्र में आगे बढ़ रही हैं। मेडिकल फील्ड में उनकी बढ़ती भागीदारी इस बात का प्रमाण है कि समाज में सकारात्मक बदलाव आ रहा है।NEET UG 2026 का ट्रेंड यह दिखाता है कि आने वाले समय में मेडिकल क्षेत्र में महिलाओं की भूमिका और भी मजबूत होगी।यह बदलाव न सिर्फ शिक्षा के क्षेत्र में, बल्कि पूरे समाज में एक नई दिशा और प्रेरणा देने वाला है।