उसने कहा कि उसे इस मामले में झूठा फंसाया गया है और उसके खिलाफ कोई प्रत्यक्ष साक्ष्य नहीं है। सोनम ने कहा कि वह ट्रायल में पूरा सहयोग कर रही है, जमानत की किसी भी शर्त का उल्लंघन नहीं किया है और उसे दोबारा जेल भेजने का कोई कानूनी आधार नहीं बनता।
By : Admin User | Updated at : 09 Jul 2026, 11:23 am (IST)
मेघालय के चर्चित राजा रघुवंशी हनीमून मर्डर केस में आरोपी सोनम रघुवंशी ने सुप्रीम कोर्ट में जवाबी हलफनामा दाखिल कर खुद को बेगुनाह बताया है। सोनम ने अदालत से कहा कि उसे इस मामले में झूठा फंसाया गया है और उसके खिलाफ अभियोजन का पूरा मामला केवल परिस्थितिजन्य साक्ष्यों पर आधारित है। ऐसे में केवल आरोपों के आधार पर उसे दोषी नहीं ठहराया जा सकता। इस मामले में गुरुवार को सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई होनी है, जबकि मेघालय सरकार ने उसकी जमानत रद्द करने की मांग की है।
अपने हलफनामे में सोनम ने दावा किया कि वह ट्रायल के दौरान पूरी तरह न्यायिक प्रक्रिया में सहयोग कर रही है। उसने कहा कि यदि मुकदमे की सुनवाई में किसी तरह की देरी हुई है तो उसके लिए उसे जिम्मेदार नहीं ठहराया जा सकता। उसने जांच और ट्रायल के हर चरण में अधिकारियों का सहयोग किया है और अदालत द्वारा तय सभी शर्तों का पालन किया है।
जमानत रद्द करने की मांग का विरोध करते हुए सोनम ने अदालत को बताया कि उसे 27 अप्रैल 2026 को जमानत मिली थी और 28 अप्रैल को वह जेल से रिहा हो गई थी। ऐसे में उसे दोबारा जेल भेजने का कोई औचित्य नहीं है। उसने कहा कि जमानत रद्द करने के लिए जिन कानूनी आधारों की आवश्यकता होती है, वे इस मामले में मौजूद नहीं हैं। साथ ही राज्य सरकार ने भी यह आरोप नहीं लगाया कि उसने जमानत की किसी शर्त का उल्लंघन किया है।
हलफनामे में सोनम ने यह भी कहा कि मामले में अब उससे किसी तरह की बरामदगी बाकी नहीं है और पुलिस चार्जशीट दाखिल कर चुकी है। इसलिए साक्ष्यों से छेड़छाड़ या जांच को प्रभावित करने की कोई संभावना नहीं है। फिलहाल वह जमानत की शर्तों के तहत शिलांग में रह रही है।
अपने बचाव में सोनम ने कहा कि अभियोजन पक्ष का पूरा मामला परिस्थितिजन्य साक्ष्यों पर आधारित है। ऐसे मामलों में आरोपों को संदेह से परे साबित करना अभियोजन की जिम्मेदारी होती है। जब तक अदालत में आरोप साबित नहीं हो जाते, तब तक केवल आरोपों के आधार पर किसी व्यक्ति को दोषी नहीं माना जा सकता।
इससे पहले सुप्रीम कोर्ट ने टिप्पणी की थी कि आरोपी फिलहाल जमानत पर बाहर है, इसलिए तत्काल जमानत रद्द करने की आवश्यकता नहीं दिखती। हालांकि अदालत ने सोनम को नोटिस जारी कर उसका पक्ष मांगा था, जिसके जवाब में उसने अपना विस्तृत हलफनामा दाखिल किया है।
Published at : 09 Jul 2026, 11:22 am (IST)
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