पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के पहले चरण में रिकॉर्ड 92.88% मतदान दर्ज किया गया। हालांकि कई जगहों पर हिंसा और उपद्रव की घटनाएं सामने आईं, लेकिन इसके बावजूद लोगों ने बढ़-चढ़कर लोकतंत्र में भागीदारी निभाई।
Updated at : 02 Jul 2026, 05:29 pm (IST)
Source : Rashtriya Samachar
पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के पहले चरण में रिकॉर्ड तोड़ मतदान ने लोकतंत्र की ताकत को एक बार फिर साबित कर दिया है। निर्वाचन आयोग के अनुसार, पहले चरण में 152 सीटों पर कुल 92.88 प्रतिशत मतदान दर्ज किया गया, जो राज्य के इतिहास में अब तक का सबसे अधिक है।
हालांकि इस ऐतिहासिक मतदान के बीच कई जगहों से हिंसा, झड़प और मतदाताओं को डराने-धमकाने की खबरें भी सामने आईं। आसनसोल, मालदा, कूचबिहार, सिलीगुड़ी और मुर्शिदाबाद जैसे इलाकों में छिटपुट उपद्रव की घटनाएं दर्ज की गईं।
कूचबिहार में सबसे ज्यादा मतदान
सबसे अधिक मतदान कूचबिहार जिले में दर्ज किया गया, जहां लोगों ने भारी संख्या में वोट डालकर लोकतांत्रिक प्रक्रिया में भाग लिया। इसके बाद दक्षिण दिनाजपुर में भी बंपर वोटिंग देखने को मिली। मुर्शिदाबाद, बांकुड़ा और अन्य जिलों में भी लगभग 90 प्रतिशत या उससे अधिक मतदान हुआ।
बीरभूम में बढ़ा तनाव
बीरभूम जिले के खारिसोल क्षेत्र में मतदान के अंतिम घंटों में तनाव बढ़ गया। मतदाताओं ने आरोप लगाया कि उनके वोट एक पार्टी के बजाय दूसरी पार्टी के खाते में दर्ज हो रहे हैं। इसके बाद मतदान केंद्र के बाहर प्रदर्शन शुरू हो गया और स्थिति को संभालने के लिए सुरक्षाबलों को हस्तक्षेप करना पड़ा।
कहां-कहां हुई हिंसा?
चुनाव के दौरान कई जगहों पर टकराव देखने को मिला:
दक्षिण दिनाजपुर में भाजपा उम्मीदवार शुभेंदु सरकार के साथ हाथापाई
आसनसोल में भाजपा नेता अग्निमित्रा पॉल की कार पर पथराव
मुर्शिदाबाद में एजेयूपी और तृणमूल समर्थकों के बीच झड़प
डोमकल में मतदाताओं को बूथ तक पहुंचने से रोकने के आरोप
कई जगहों पर लाठी, पत्थरबाजी और तोड़फोड़ की घटनाएं
हालांकि अधिकारियों का कहना है कि कुल मिलाकर मतदान “काफी हद तक शांतिपूर्ण” रहा।
शिकायतों की भरमार
निर्वाचन आयोग को मतदान से जुड़ी लगभग 500 शिकायतें मिलीं, जबकि 'सीविजिल' ऐप के माध्यम से 375 शिकायतें दर्ज की गईं। तृणमूल कांग्रेस ने 700 से अधिक शिकायतें दर्ज कराने का दावा किया है, जिनमें ईवीएम खराबी और केंद्रीय बलों के व्यवहार को लेकर सवाल उठाए गए।
महिला मतदाताओं की बड़ी भागीदारी
इस बार महिला मतदाताओं ने पुरुषों से अधिक मतदान किया। महिला वोटिंग प्रतिशत 92.69 रहा, जबकि पुरुषों का प्रतिशत 90.92 दर्ज किया गया। तीसरे लिंग के मतदाताओं की भागीदारी भी उल्लेखनीय रही।
इतिहास का सबसे बड़ा मतदान
मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने कहा कि यह आजादी के बाद पश्चिम बंगाल में अब तक का सबसे अधिक मतदान प्रतिशत है। इससे पहले 2011 के चुनाव में 84.72 प्रतिशत मतदान हुआ था। दूसरे चरण का मतदान 29 अप्रैल को होगा, जबकि मतगणना 4 मई को की जाएगी। निर्वाचन आयोग ने मतदान के बाद निगरानी और डेटा सुरक्षा को लेकर नए सख्त दिशा-निर्देश भी जारी किए हैं।
Published at : 24 Apr 2026, 05:48 am (IST)
Tags : Breaking News / NEWS UPDATE / VIRAL / #india news / #nationalnews / #news today / #voter #electioncommission / #WestBengalElection #BengalPolls #VotingRecord #BreakingNews #Election2026 #IndianPolitics #TMC #BJP