झारखंड के गुमला जिले में तीन साल की बच्ची से कथित दुष्कर्म के मामले में गांव की पंचायत द्वारा आरोपी पर एक लाख रुपये का जुर्माना लगाकर मामला दबाने की कोशिश किए जाने का आरोप है। सूचना मिलने पर पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर मामला दर्ज किया है और पंचायत की भूमिका की भी जांच शुरू कर दी है।
By : Admin User | Updated at : 13 Jul 2026, 12:07 pm (IST)
झारखंड के गुमला जिले के घाघरा थाना क्षेत्र के पलमा गांव में तीन साल की बच्ची से कथित दुष्कर्म का मामला सामने आया है। पुलिस के अनुसार, घटना के बाद मामला थाने तक पहुंचाने के बजाय गांव में पंचायत बुलाई गई, जहां आरोपी पर एक लाख रुपये का जुर्माना लगाकर विवाद को गांव में ही सुलझाने का प्रयास किए जाने का आरोप है।
जानकारी के मुताबिक, आरोपी ने कथित तौर पर 20 हजार रुपये मौके पर दिए, जबकि शेष राशि बाद में देने की बात कही गई। इसी बीच गांव के एक व्यक्ति ने पुलिस को मामले की सूचना दी। सूचना मिलते ही पुलिस गांव पहुंची, पीड़िता की मां का बयान दर्ज किया और आरोपी सुनील लोहरा को गिरफ्तार कर संबंधित धाराओं एवं पॉक्सो एक्ट के तहत मामला दर्ज किया।
पुलिस अब यह भी जांच कर रही है कि क्या पंचायत के कुछ सदस्यों या अन्य लोगों ने पीड़ित परिवार पर दबाव डालकर मामले को दबाने की कोशिश की थी। साथ ही, आरोपी से मिली राशि के इस्तेमाल को लेकर भी जांच जारी है।
पुलिस अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि बच्चों के खिलाफ यौन अपराधों में किसी भी प्रकार का समझौता, पंचायत का फैसला या आर्थिक लेन-देन कानूनन मान्य नहीं है। यदि जांच में किसी व्यक्ति की भूमिका अपराध को छिपाने, साक्ष्य प्रभावित करने या कानूनी प्रक्रिया में बाधा डालने की सामने आती है, तो उसके खिलाफ भी नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
यह घटना न केवल एक जघन्य अपराध को उजागर करती है, बल्कि ऐसे मामलों में कानून की बजाय सामाजिक समझौते की कोशिशों पर भी गंभीर सवाल खड़े करती है। पुलिस ने मामले की जांच तेज कर दी है और सभी पहलुओं की जांच की जा रही है।
Published at : 13 Jul 2026, 12:07 pm (IST)