भारत ने कहा कि इन हमलों में एक भारतीय की मौत हुई है, एक लापता है और कई अन्य घायल हुए हैं। साथ ही, भारत ने कमर्शियल शिपिंग पर हमले रोकने और अंतरराष्ट्रीय समुद्री मार्गों को सुरक्षित बनाने की मांग की।
By : Admin User | Updated at : 29 Jul 2026, 01:47 pm (IST)
नई दिल्ली: संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद (UNSC) में आयोजित खुली बहस के दौरान भारत ने होर्मुज स्ट्रेट में भारतीय नाविकों वाले जहाजों पर हुए हालिया हमलों की कड़ी निंदा की। संयुक्त राष्ट्र में भारत के स्थायी प्रतिनिधि पी. हरीश ने कहा कि इन हमलों में एक भारतीय नागरिक की मौत हुई है, एक अन्य लापता है, जबकि कई भारतीय घायल हुए हैं।
डेमोक्रेटिक रिपब्लिक ऑफ कांगो की पहल पर आयोजित बैठक में पी. हरीश ने GFS Galaxy, MT Al Bahiyah और MT Mombasa जैसे जहाजों पर हुए हमलों का उल्लेख करते हुए कहा कि समुद्री यात्रियों और अंतरराष्ट्रीय व्यापारिक जहाजों को निशाना बनाना पूरी तरह अस्वीकार्य है। उन्होंने कहा कि भारत ऐसे सभी हमलों की कड़ी निंदा करता है और समुद्री मार्गों पर सुरक्षित एवं निर्बाध आवाजाही का समर्थन करता है।
भारत ने सुरक्षा परिषद से मांग की कि होर्मुज क्षेत्र में कमर्शियल शिपिंग और नागरिक बुनियादी ढांचे को निशाना बनाना तुरंत बंद किया जाए। साथ ही अंतरराष्ट्रीय कानून के तहत समुद्री व्यापार और जहाजों की निर्बाध आवाजाही जल्द से जल्द बहाल की जाए। भारत ने दोहराया कि क्षेत्र में शांति, सुरक्षा और स्थिरता के लिए संवाद और कूटनीति ही सबसे प्रभावी रास्ता है।
पी. हरीश ने कहा कि मिडिल ईस्ट भारत के लिए रणनीतिक और आर्थिक दृष्टि से बेहद महत्वपूर्ण है। खाड़ी देशों में करीब 1 करोड़ भारतीय रहते और काम करते हैं, जिनकी सुरक्षा भारत की सर्वोच्च प्राथमिकता है। इसके अलावा भारत का लगभग 180 अरब डॉलर का वार्षिक द्विपक्षीय व्यापार, 31 अरब डॉलर से अधिक का प्रत्यक्ष विदेशी निवेश (FDI) और GCC देशों से 52 अरब डॉलर का वार्षिक प्रेषण (Remittances) इस क्षेत्र से जुड़ा हुआ है। ऐसे में भारत ने क्षेत्र में स्थिरता और सुरक्षित समुद्री मार्ग सुनिश्चित करने की आवश्यकता पर जोर दिया।
Published at : 29 Jul 2026, 01:46 pm (IST)