दिल्ली के इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय (IGI) एयरपोर्ट पर कस्टम विभाग ने फुकेट से आए एक यात्री के पास से KitKat चॉकलेट पैकेटों में छिपाकर लाई गई 2.759 किलोग्राम हाइड्रोपोनिक गांजा बरामद किया है। एयर इंटेलिजेंस यूनिट की AI आधारित प्रोफाइलिंग और हाई-रिजॉल्यूशन एक्स-रे स्कैनिंग की मदद से तस्करी की इस कोशिश का पर्दाफाश हुआ।
By : Admin User | Updated at : 03 Aug 2026, 06:01 pm (IST)
दिल्ली के इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय (IGI) एयरपोर्ट पर कस्टम विभाग ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए अंतरराष्ट्रीय ड्रग्स तस्करी की कोशिश को नाकाम कर दिया। अधिकारियों ने फुकेट (थाईलैंड) से आए एक यात्री के सामान की जांच के दौरान 2.759 किलोग्राम हाइड्रोपोनिक गांजा बरामद किया। हैरानी की बात यह रही कि तस्कर ने मादक पदार्थ को KitKat चॉकलेट के पैकेटों के भीतर बेहद शातिर तरीके से छिपाया था, लेकिन एयर इंटेलिजेंस यूनिट (AIU) की सतर्कता और अत्याधुनिक जांच प्रणाली के चलते उसकी चाल सफल नहीं हो सकी।
कस्टम विभाग के अनुसार, 2 अगस्त को एयर इंडिया की AI-2377 फ्लाइट से दिल्ली पहुंचे यात्री को Advance Passenger Information System (APIS) के जरिए संदिग्ध के रूप में चिन्हित किया गया था। ग्रीन चैनल पार करने के बाद अधिकारियों ने उसे रोककर उसके सामान की हाई-रिजॉल्यूशन एक्स-रे स्कैनिंग और विस्तृत तलाशी ली।
तलाशी के दौरान KitKat के पैकेटों के अंदर छिपाए गए चार वैक्यूम-सील पैकेट बरामद हुए। जांच में इनमें कुल 2.759 किलोग्राम हाइड्रोपोनिक गांजा पाया गया। बरामदगी के तुरंत बाद आरोपी को NDPS Act के तहत गिरफ्तार कर लिया गया और उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी गई।
जांच एजेंसियों का कहना है कि अंतरराष्ट्रीय ड्रग्स तस्कर अब पारंपरिक तरीकों की बजाय रोजमर्रा की वस्तुओं का इस्तेमाल कर तस्करी के नए-नए तरीके अपना रहे हैं। इसी वजह से एयरपोर्ट पर AI आधारित जोखिम विश्लेषण, यात्री प्रोफाइलिंग और आधुनिक एक्स-रे तकनीक का अधिक प्रभावी ढंग से उपयोग किया जा रहा है।
फिलहाल कस्टम विभाग और अन्य जांच एजेंसियां यह पता लगाने में जुटी हैं कि आरोपी का संबंध किसी बड़े अंतरराष्ट्रीय ड्रग्स सिंडिकेट से है या नहीं। साथ ही यह भी जांच की जा रही है कि बरामद मादक पदार्थ की अंतिम डिलीवरी कहां होनी थी और इस नेटवर्क में अन्य कौन-कौन लोग शामिल हैं।
Published at : 03 Aug 2026, 06:01 pm (IST)