उनका यह बयान NEET विवाद और उसके बाद हुए विरोध-प्रदर्शनों को लेकर चल रही राजनीतिक चर्चाओं के बीच सामने आया है।
By : Admin User | Updated at : 09 Aug 2026, 11:17 am (IST)
भुवनेश्वर :पूर्व केंद्रीय शिक्षा मंत्री और BJP के वरिष्ठ नेता धर्मेंद्र प्रधान ने NEET पेपर लीक विवाद, छात्र प्रदर्शनों और अपने इस्तीफे को लेकर पहली बार विस्तार से प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि Gen Z देश का भविष्य है, लेकिन विरोध-प्रदर्शनों के दौरान कुछ लोगों ने युवाओं को गुमराह करने की कोशिश की।
प्रधान ने शनिवार को भुवनेश्वर की जीएम यूनिवर्सिटी में छात्रों और शिक्षकों को संबोधित करते हुए यह बयान दिया। उनका यह बयान शिक्षा मंत्री का पद छोड़ने के करीब दो सप्ताह बाद सामने आया है। NEET पेपर लीक विवाद को लेकर जंतर-मंतर पर हुए छात्र प्रदर्शनों के बीच उन्होंने 25 जुलाई को मंत्री पद से इस्तीफा दिया था।
'Gen Z से मेरी कोई समस्या नहीं'
धर्मेंद्र प्रधान ने कहा कि Gen Z देश के अपने बच्चे हैं और उन्हें इस पीढ़ी से किसी तरह की व्यक्तिगत परेशानी नहीं है। उन्होंने युवाओं की आकांक्षाओं का जिक्र करते हुए कहा कि आने वाले वर्षों में यही पीढ़ी देश के भविष्य को आकार देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
प्रधान ने दावा किया कि छात्र आंदोलन के दौरान कुछ लोगों ने Gen Z को भ्रमित करने की कोशिश की। उन्होंने कहा कि देश में हर साल करीब दो करोड़ बच्चों का जन्म होता है और पिछले दस वर्षों में लगभग 20 करोड़ बच्चे जन्मे हैं। इस नई पीढ़ी की अपनी उम्मीदें और आकांक्षाएं हैं।
उन्होंने विश्वास जताया कि यही युवा पीढ़ी भविष्य में भारत को आगे ले जाने में महत्वपूर्ण योगदान देगी।
इस्तीफे पर भी दिया जवाब
अपने मंत्री पद से इस्तीफे को लेकर प्रधान ने कहा कि उनके लिए पद कभी सबसे महत्वपूर्ण चीज नहीं रहा। उनके मुताबिक, उन्होंने स्वयं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सामने केंद्रीय मंत्रिपरिषद से इस्तीफा देने की पेशकश की थी।
उनका यह बयान NEET विवाद और उसके बाद हुए विरोध-प्रदर्शनों को लेकर चल रही राजनीतिक चर्चाओं के बीच सामने आया है।
नवीन पटनायक पर भी साधा निशाना
रायराखोल में आयोजित एक अन्य कार्यक्रम में धर्मेंद्र प्रधान ने ओडिशा के पूर्व मुख्यमंत्री और BJD अध्यक्ष नवीन पटनायक पर भी निशाना साधा।
प्रधान के दौरे के दौरान BJD की युवा और छात्र इकाई के कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन किया और उनके खिलाफ 'गो बैक' के नारे लगाए। इस पर प्रतिक्रिया देते हुए प्रधान ने कहा कि वह ऐसे विरोध से परेशान नहीं हैं।
उन्होंने खुद को किसान का बेटा बताते हुए कहा कि अगर उन्हें वापस जाने के लिए कहा जाएगा, तब भी वह दोबारा आएंगे। प्रधान ने सवाल किया कि क्या उन्होंने ऐसा कोई काम किया है जिससे ओडिशा के लोगों को शर्मिंदगी उठानी पड़ी हो।
प्रधान ने नवीन पटनायक पर युवाओं को उनके खिलाफ विरोध-प्रदर्शन में शामिल करने का आरोप भी लगाया। हालांकि ये आरोप धर्मेंद्र प्रधान की ओर से लगाए गए हैं और इस खबर में नवीन पटनायक की प्रतिक्रिया का उल्लेख नहीं है।
Published at : 09 Aug 2026, 11:17 am (IST)